दलित मीडिया वाच – हिंदी न्यूज़ अपडेट 27.08.15

छेड़छाड़ के विरोध पर महिला को आग में फेंका, नोएडा में सामूहिक दुष्कर्म – दैनिक जागरण

http://www.jagran.com/uttar-pradesh/lucknow-city-gang-rape-in-noida-12791768.html

छेड़छाड़ की शिकायत करने गई छात्रा को थाने से भगाया – अमर उजाला

http://www.amarujala.com/news/city/etawah/etawah-hindi-news/the-student-drove-to-the-police-station-to-complain-of-molestation-hindi-news/

सिपाही ने दलित महिला से की छेड़खानी – अमर उजाला

http://www.amarujala.com/news/city/lalitpur/soldiers-of-the-dalit-woman-flirting-hindi-news/

खेकड़ा पुलिस, पीड़ित और आरोपियों का होगा आमना-सामना – दैनिक जागरण

http://www.jagran.com/uttar-pradesh/bagpat-12792580.html

ग्राम खौंप की महिला ने की आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग – दैनिक भास्कर

http://www.bhaskar.com/news/MP-CHHT-MAT-latest-chhatarpur-news-021005-2520438-NOR.html

खेत यूनियन कार्यकर्ताओं ने ब्लाक घेरा, प्रदर्शन – दैनिक जागरण

http://www.jagran.com/uttar-pradesh/basti-12787010.html

दलित उत्पीड़न पर आयोग सख्त – दैनिक जागरण

http://www.jagran.com/haryana/panchkula-12790342.html

अधिकारियों के आश्वासन पर आंदोलन समाप्त किया – प्रभात खबर

http://www.prabhatkhabar.com/news/khagaria/story/536659.html

अब SC-ST समुदाय के लोग बेच सकते हैं अपनी जमीन अन्य जाति के लोगो को – वन इंडिया न्यूज़

http://hindi.oneindia.com/news/lucknow/big-decision-in-uttar-pradesh-dalit-people-can-sell-their-land-to-other-caste-370286.html

Save Dalit Foundation:

Educate, agitate & organize! – Dr. Ambedkar.

Let us all educates to agitate & Organize to Save Dalit Foundation !

Please sign petition by click this link : https://t.co/WXxFdysoJK

दैनिक जागरण

छेड़छाड़ के विरोध पर महिला को आग में फेंका,

नोएडा में सामूहिक दुष्कर्म

http://www.jagran.com/uttar-pradesh/lucknow-city-gang-rape-in-noida-12791768.html

लखनऊ। बुंदेलखंड का पिछड़ापन हो या राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र का बुद्धिजीवी समाज महिलाओं की सुरक्षा को लेकर कहीं भी जागरूकता नहीं है। जालौन जिले में बेटी से छेडख़ानी का विरोध करने पर आरोपियों ने महिला को आग में फेंक दिया और ग्रेटर नोएडा के सूरजपुर में स्कूल जाती छात्रा को अगवाकर तीन लोगों ने सामूहिक दुष्कर्म का शिकार बनाया।

 

महिला को आग में फेंका

जालौन जिले के नवादा गांव में बीती शाम एक किशोरी के घर गांव का ही भागीरथ, अपने भाइयों रूपे, लखन और पप्पू व रमाकांत के साथ पहुंच गया। इन लोगों ने किशोरी से छेड़छाड़ कर दुराचार का प्रयास किया। विरोध करने पर पीटा भी। इस बीच उसकी मां घर पहुंच गई। वह बेटी को बचाने लगी तो आरोपी उस पर टूट पड़े। मारपीट के बाद आरोपियों ने छप्पर में आग लगा दी और आग में महिला को फेंक दिया। पुलिस ने पांचों आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है।

 छात्रा से सामूहिक दुष्कर्म

ग्रेटर नोएडा के सूरजपुर कोतवाली क्षेत्र लखनावली गांव से अपहरण कर चार माह पूर्व दलित छात्रा से सामूहिक दुष्कर्म का मामला प्रकाश में आया है। तीन आरोपियों ने स्कूल जाते समय छात्रा को उठाकर कार में डाल लिया था और एक मकान पर ले जाकर नशीला पदार्थ सुंघाकर बेहोश कर दिया। इसके बाद तीनों ने दुष्कर्म किया और वीडियो क्लिप भी बना ली। आरोपी वीडियो को सार्वजनिक करने की धमकी देकर छात्रा से दुष्कर्म करते रहे। घटना का खुलासा करने पर छात्रा के पिता और भाई को मारने की धमकी दी। डर से छात्रा चुप रही।

एक आरोपी ने 18 अगस्त को छात्रा को एक अवैध हथियार थमाते हुए उसे ग्रेटर नोएडा के परी चौक पर एक व्यक्ति कोदेने की बात कही। इन्कार करने पर आरोपी ने दुष्कर्म की वीडियो सोशल साइट पर सार्वजनिक कर दी। छात्रा को बदनाम करने के लिए परिवार के एक सदस्य के व्हाट्सएप पर भी वीडियो भेज दिया। इस पर परिजनों ने आरोपियों के खिलाफ 19 अगस्त को सूरजपुर कोतवाली में तहरीर दी। पर पुलिस ने न तो कार्रवाई की और न मामला दर्ज कर जांच शुरू की। पीडि़तों को तहरीर पर मुहर लगा कर कोतवाली से टरका दिया।

परेशान परिजनों ने मामला गांव में उजागर कर दिया। इसकी जानकारी आला अफसरों तक पहुंची तो पुलिस सक्रिय हुई। पीडि़ता ने बताया कि वह दादरी स्थित कालेज में स्नातक की पढ़ाई कर रही है। चार माह पहले कालेज जा रही थी। आइटीबीपी कैंप के समीप पड़ोसी धर्मी व फिरे ने उसे जबरन कार में डालकर अगवा कर लिया और नशीला पदार्थ सूंघा कर बेहोश कर दिया। अज्ञात मकान में ले जाकर धर्मी, फिरे व चालक सतीश ने दुष्कर्म किया। विरोध जताने पर पिता व इकलौते भाई को जान से मारने की धमकी दी। सूरजपुर पुलिस ने मंगलवार शाम मामला दर्ज कर तीनों आरोपियों को लखनावली गांव से गिरफ्तार कर लिया। एसपी देहात संजय ङ्क्षसह का कहना है कि दलित छात्रा से सामूहिक दुष्कर्म के तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपियों ने वीडियो क्लिप सार्वजिनक करने की बात कही है।

अमर उजाला

छेड़छाड़ की शिकायत करने गई छात्रा को थाने से भगाया

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कॉलेज से घर लौट रही दलित छात्रा के साथ दो युवकों ने नहर पुल के पास छेड़खानी की। पीड़ित छात्रा का आरोप है कि घटना की शिकायत करने जब वह जसवंतनगर थाने गई तो पुलिस ने उसे भगा दिया। बुधवार को परिजनों ने एसएसपी कार्यालय में जाकर शिकायत की।

जसवंतनगर थाना क्षेत्र की छात्रा शहर के एक कॉलेज से बीबीए की पढ़ाई कर रही है। मंगलवार को कॉलेज से घर जाते समय नहर पुल के पास दो लड़कों ने उसे रोक लिया और छेड़खानी करने लगे। छात्रा ने जब इसका विरोध किया तो युवकों ने उसकी साइकिल में जबरन ताला डालकर चाबी को फेंक दिया।

युवक उसके साथ लगातार छेड़खानी करते रहे। इसी बीच गांव का एक युवक आ गया। लड़कों ने उसके साथ मारपीट कर दी। अन्य लोगों के आ जाने पर दोनों लड़के जान माल की धमकी देते हुए भाग निकले।

छात्रा ने एसएसपी को बताया कि वह रिपोर्ट दर्ज कराने जसवंतनगर थाने गई तो पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की और थाने से भगा दिया। एसएसपी ने जसवंतनगर थाना पुलिस को तत्काल रिपोर्ट दर्ज कर कार्यवाही करने के निर्देश दिए।

अमर उजाला

सिपाही ने दलित महिला से की छेड़खानी

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मड़ावरा थाना अंतर्गत ग्राम प्यासा निवासी एक दलित महिला बुधवार को दोपहर एक बजे अपने घर से कुछ दूरी पर शौच के लिए जा रही थी, उसका आरोप है कि मड़ावरा थाने में तैनात एक सिपाही मोटर साइकिल से उसके नजदीक आ गया और उसके अकेला पाकर अश्लील हरकतें करने लगा। विरोध करने पर पुलिस का रौब दिखाते हुए, उसे जबरन बाइक पर बैठाने लगा। उसने शोर मचाकर मदद के लिए पुकारा, जिसे सुनकर ग्रामवासी घटना स्थल पर आ गए। लोगों को आते देखकर सिपाही मोटरसाइकिल स्टार्ट करके भाग गया।

घटना से आक्रोशित दर्जनों की संख्या में ग्रामीण पीड़िता के साथ मड़ावरा थाने पहुंचे और थानाध्यक्ष को लिखित शिकायती पत्र देकर सिपाही के खिलाफ कार्रवाई की मांग की, लेकिन थानेदार ने आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज नहीं किया। इसके बाद ग्रामीण पीड़िता के साथ मड़ावरा एसडीएम कार्यालय पहुंचे और उपजिलाधिकारी सुरेश कुमार पाल को प्रार्थना पत्र देकर कार्रवाई की मांग की। एसडीएम ने पीड़िता की आपबीती सुनकर समुचित कार्रवाई का आश्वासन दिया, तब कहीं ग्रामीण शांत हुए।

इस मौके पर पीड़िता के साथ पुन्ने, खरगे, सुनील, राजकुमार, बालकिशन, राजू, मुन्नालाल, बृजलाल, राकेश, मुकेश, जनकरानी, कोमल, रामकुमार, देवेंद्र सिंह, विनीत कुमार, खुमान आदि ग्रामीण मौजूद रहे।

दैनिक जागरण

खेकड़ा पुलिस, पीड़ित और आरोपियों का होगा आमना-सामना

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बागपत : एससी-एसटी आयोग ने पुलिस को सांकरौद प्रकरण का निराकरण करने का आदेश दिया है। एसपी ने आरोपी युवक के पिता को अपने कार्यालय बुलाकर पूछताछ की। वह पुलिस और युवती के परिजनों पर ही आरोप लगाता रहा। एसपी ने खेकड़ा पुलिस, पीड़ित और आरोपियों का आमना-सामना कराने के लिए जल्द ही तीनों पक्षों को बुलाया है।

एससी- एसटी आयोग के आदेश पर एसपी ने सांकरौद गांव निवासी आरोपी दलित युवक रवि के पिता धर्मपाल को अपने कार्यालय बुलाया। एसपी ने बातचीत कर उससे समस्या के बारे में पूछा तो उसने खेकड़ा पुलिस, युवती के परिवार के लोगों पर उत्पीड़न आदि करने के आरोप लगाए। धर्मपाल ने एसपी को बताया कि दबंगों के भय से उसने परिवार के साथ गांव से पलायन कर रखा है। एसपी के सामने चूंकि एक पक्ष था, इसलिए समस्या का समाधान नहीं हो पाया। एसपी ने आरोपी युवक, खेकड़ा पुलिस और युवती के परिजनों को जल्द ही अपने कार्यालय बुलाया है, जिससे तीनों पक्षों का आमना-सामना हो सके और समाधान हो सके। एसपी शरद सचान ने बताया कि युवक, युवती और खेकड़ा पुलिस को बुलाया गया है जिससे समस्या का समाधान हो सके। आरोपी युवक के भाई व दिल्ली पुलिस के सिपाही को भी बुलाया गया है।

नहीं हुआ मुकदमा

चार दिन पहले जाट बिरादरी की युवती ने एसपी को शिकायती पत्र देकर आरोप लगाया था कि सांकरौद गांव में जिस युवक के साथ उसके प्रेम-प्रसंग बताए जा रहे थे, उसने ही उसे दिल्ली बुलाकर बंधक बनाया था और अपने भाई दिल्ली पुलिस के सिपाही के साथ मिलकर उसके साथ सामूहिक दुष्कर्म किया था। पीड़िता ने दोनों के खिलाफ कार्रवाई कर मुकदमा कायम करने की मांग की थी।

यह है मामला

सांकरौद गांव में दलित युवती ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर कर बताया था कि गांव में उसके भाई का जाट बिरादरी की युवक के साथ प्रेम-प्रसंग चल रहा था। पुलिस ने दोनों को बरामद कर उसके भाई को झूठे मुकदमे में जेल भेज और युवती को उसके परिजनों को सौंप दिया। युवती के परिजनों ने खाप बिरादरी की पंचायत बुलाई थी, जिसमें उसे और उसकी बहन का दुष्कर्म कर नग्न परेड कराए जाने का फरमान सुनाया गया था। इससे दोनों बहनों की इज्जत खतरे में पड़ने के साथ-साथ परिवार की सुरक्षा को भी खतरा उत्पन्न हो गया था। इसके बाद युवती ने अपने प्रेमी और उसके भाई पर ही सामूहिक दुष्कर्म करने का आरोप लगा दिया था। दलित परिवार ने एससी एसटी आयोग में अपने उत्पीड़न की भी शिकायत की थी।

दैनिक भास्कर

ग्राम खौंप की महिला ने की आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग

http://www.bhaskar.com/news/MP-CHHT-MAT-latest-chhatarpur-news-021005-2520438-NOR.html

छतरपुर|गढी़मलहरा थाना के ग्राम खौंप की निवासी एक दलित महिला ने पुलिस कप्तान को ज्ञापन सौंप कर मारपीट, गाली गलौज व हरिजन उत्पीड़न के आरोपियों को पकड़ने की मांग की है। ज्ञापन के हवाले से खौंप निवासी रामकुंवर अहिरवार पति तिजवा अहिरवाल ने बताया कि गत 29 जून 2015 को छतरपुर के बजरिया निवासी राजेश चौधरी व विक्की चौधरी ने उसके साथ गाली गलौज, मारपीट कर जाति सूचक शब्दों से अपमानित किया था। रामकुंवर की रिपोर्ट पर गढी़मलहरा पुलिस ने दोनों आरोपियों के खिलाफ मारपीट, गालीगलौज और हरिजन उत्पीड़न का मामला पंजीबद्ध तो कर लिया था, लेकिन आरोपियों को गिरफ्तार नहीं किया। 

दैनिक जागरण

खेत यूनियन कार्यकर्ताओं ने ब्लाक घेरा, प्रदर्शन

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बस्ती:जिला खेत मजदूर यूनियन कार्यकर्ताओं ने घेरा डालो-डेरा- डालो कार्यक्रम के तहत मंगलवार को साऊंघाट ब्लाक का घेराव कर धरना-प्रदर्शन किया। इस अवसर पर आयुक्त को संबोधित 11 सूत्री मांग पत्र खंड विकास अधिकारी को सौंपा गया।

कार्यक्रम की अगुवाई कर रहे प्रांतीय कमेटी के सदस्य वीरेंद्र प्रताप मिश्र ने कहा कि सरकारी योजनाओं का लाभ गरीबों तक नहीं पहुंच पा रहा है। आवास एवं शौचालय सुविधा के लोग ब्लाक से लेकर तहसील और जनपद मुख्यालय तक भटक रहे हैं,लेकिन कोई पुरसाहाल नहीं है। अपात्र योजनाओं का लाभ लेकर गरीबों के हक पर डाका डाल रहे हैं।

मिश्र ने कहा कि दलित एवं कमजोर तबके के लोगों के साथ अत्याचार की घटनाएं बढ़ रही हैं। इनको संरक्षण देने की बजाए सरकार जमीन बेंचने पर लगा प्रतिबंध हटाने की तैयारी की जा रही है। इस नई व्यवस्था से दलित भूमिहीन की संख्या बढ़ेगी।

कामरेड दिलीप एवं सतीश चंद्र चौहान ने कहा कि मनरेगा कानून मजाक बन कर रह गया है। मजदूरों को एक तो बाजार से कम दिहाड़ी दी जा रही है,दूसरे सौ दिन काम देने की अनिवार्यता का पालन भी नहीं किया जा रहा है।

राज कुमार प्रजापति,राम सजीवन एवं मूल सजीवन ने सार्वजनिक वितरण प्रणाली की खामियों को उजागर करते हुए व्यवस्था में पारदर्शिता लाने की वकालत की है।

धरने में किसान सभा और जनवादी नवजवान सभा के कार्यकर्ताओं ने भी हिस्सा लिया। प्रदर्शन में मनरावती, मीना देवी, संगीता ,कौशिल्या, ऊषा देवी, सुभावती, उदयराज, बाबूलाल ,राम सूरत , जग्गू, प्रसाद, छेदी लाल, शिव पूजन, मन्नू लाल, शत्रुघ्न, हरीराम,रामफल आदि ने हिस्सा लिया।

दैनिक जागरण

दलित उत्पीड़न पर आयोग सख्त

http://www.jagran.com/haryana/panchkula-12790342.html

चंडीगढ़ : राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग ने हरियाणा में दलित उत्पीड़न की दो अलग-अलग घटनाओं पर संज्ञान लेते हुए महेंद्रगढ़ और जींद के डीसी-एसपी को तलब किया है। दोनों जिलों के चारों अधिकारियों को 8 सितंबर को राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग में पेश होने के आदेश दिए गए हैं।

दलित उत्पीड़न की एक घटना जींद जिले के गाव डिडवाना की है और दूसरी घटना महेंद्रगढ़ जिले के बवाना में हुई। आयोग के सदस्य एवं पूर्व राज्यसभा सासद चौधरी ईश्वर सिंह ने चारों अफसरों को नोटिस भेजा है। जींद के डिडवाना में शिवरात्रि के दिन दलितों को मंदिर में जल चढ़ाने से रोक दिया गया था। सफीदों विधानसभा क्षेत्र के इस गांव में कावड़ लेकर लौटे दलितों ने दबंगों के विरोध के चलते नजदीक के गाव में जाकर शिवलिंग पर जल चढ़ाया था।

आयोग के सदस्य ईश्वर सिंह ने जींद के डीसी व एसपी को नोटिस भेजकर पूछा है कि आजादी के इतने साल बाद भी दलितों की सुरक्षा के लिए उचित कदम क्यों नहीं उठाए गए।

महेंद्रगढ़ के बवाना में 40 साल से झोपड़ी बनाकर रह रहे सपेरा जाति के 30 परिवारों को बुलडोजर चलाकर उजाड़ दिया गया था। वे पंचायत की जमीन पर आबाद थे। उनका राशनकार्ड भी बना हुआ था और बिजली के मीटर भी लगे हुए थे। इन परिवारों के 30 बच्चे वहीं पढ़ाई भी करते थे। ईश्वर सिंह ने फोन पर पीड़ित परिवारों के सदस्यों से बातचीत की और महेंद्रगढ़ के डीसी व एसपी को 8 सितंबर को पेश होकर जवाब देने को कहा है। यह परिवार अब बवाना में ही निर्माणाधीन एक कालोनी में शरण लिए हुए है। ईश्वर सिंह के अनुसार दबंगों ने सपेरा जाति के इन परिवारों को पंचायत चुनाव की राजनीति से जोड़ दिया। उनपर आरोप है कि वे दबंगों के घरों में काम करते हैं। आयोग ने डीसी व एसपी से पूछा है कि सपेरों की सुरक्षा के लिए क्या उपाय किए गए और दबंग जाति के लोगों के खिलाफ अभी तक एफआइआर दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार क्यों नहीं किया गया।

प्रभात खबर

अधिकारियों के आश्वासन पर आंदोलन समाप्त किया

http://www.prabhatkhabar.com/news/khagaria/story/536659.html

बेलदौर :  पांच सूत्री मांगों के समर्थन में दलित महादलित जनहित पुकार संघर्ष समिति का  मंगलवार से जारी अनिश्चितकालीन धरना-प्रदर्शन बुधवार को अधिकारियों की सकारात्मक वार्ता के बाद समाप्त हो गया. प्रखंड सह अंचल कार्यालय पर आयोजित धरना का नेतृत्व कमेटी के संस्थापक पप्पू डोम ने किया था. 

पांच सूत्री मांगों में बेलदौर विधानसभा क्षेत्र के सभी भूमिहीन परिवारों को भूमि उपलब्ध करवा कर बसाने, कोसी नदी को उसराहा में पार करने के लिए चार सरकारी नाव देने, सभी परचाधारियों को जमीन पर दखल कब्जा दिलवाने आदि मांगें शामिल हंै. बुधवार को प्रदर्शनकारियों द्वारा  सीओ व बीडीओ की शवयात्र निकालने की तैयारी की जा रही थी. इसी बीच अधिकारियों ने मौके पर पहुंच कर जल्द ही मांगें माने जाने का आश्वासन दिया. 

बीडीओ अमरेंद्र कुमार सिन्हा ने बताया कि मांगों में शामिल बिंदुओं की अपडेट स्थिति से अवगत कराते हुए अग्रतर कार्रवाई का आश्वासन दिया गया. मौके पर कमेटी के जिलाध्यक्ष सनोज सम्राट, रमेश, राकेश, नारायण, दिनेश, चंदन, जब्बार राम, रवि कुमार, सुरेंद्र डोम, दूरो देवी, ललिता देवी के अलावा कमेटी के दर्जनों सदस्य मौजूद थे.

वन इंडिया न्यूज़

अब SC-ST समुदाय के लोग बेच सकते हैं अपनी जमीन अन्य जाति के लोगो को

http://hindi.oneindia.com/news/lucknow/big-decision-in-uttar-pradesh-dalit-people-can-sell-their-land-to-other-caste-370286.html

लखनऊ। उत्तर प्रदेश में दलितों की जमीने की खरीद-फरोख्त के मामले में प्रदेश सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। सपा सरकार ने बुधवार को उत्तर प्रदेश जमींदारी विनाश और भूमि व्यवस्था में संशोधन विधेयक को पास पारित कर दिया है।

इस अधिनियम के पारित होने के बाद अब दलित समुदाय के लोगों को जिलाधिकारी की अनुमति से अपनी जमीन दूसरी जाति के लोगों को बचने की पूरी आजादी होगी। गौरतलब है कि इससे पहले दलित समुदाय के लोगों को अपनी जमीन बेचने के लिए खुद के पास 1.26 हेक्टेअर खुद के पास रखना अनिवार्य था। लिहाजा जिन दलितों के पास 1.26 हेक्टेअर या उससे कम की जमीन थी उन्हें पहले खुद की जमीन अन्य जाति के लोगों को बेचने की इजाजत नहीं थी।

News Monitored by Kuldeep Chandan & Kalpana Bhadra

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